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Friday, July 13, 2018

बात बात पर बिखरना, ऐसे उनके ढंग !

बात बात पर बिखरना, ऐसे उनके ढंग !
निपट अकेले कक्ष में, संग रह गए संग !! 
इक दिन मुखड़ा धुल गया,बिगड़े सारे काम, ,,
अपने आप से लड़ते,   हार गये हर जंग !!... ''तनु''

Wednesday, July 11, 2018

गुरु की भक्ति सदा भली

गुरु की भक्ति सदा भली, ये कर जाय निहाल ,
किरपा उनकी जो मिले,  मन हो मालामाल ,
मन हो मालामाल, शिखर पे गुरु पहुँचावै !
कटता अज्ञान, ज्ञान रंग यूँ चोखा आवै !!
सबको देते स्थान, 
शरण जा सच्चे गुरु की, ,,,
सुंदर करले चाल,  समर्थ भक्ति में गुरु की !! .... तनुजा ''तनु''

पराये पोंछे अँखियाँ, प्यार जताते गैर !

पराये पोंछे अँखियाँ,  प्यार जताते गैर !
अपनों में हम गैर से,  कैसे मनती खैर !!
 घर अरमानों के ढहे,  बिखरे सारे रंग, ,,,
 उसके घर में हाय रे,    देर और अंधेर !!.... ''तनु''

सपने दरिया से दूर हैं, देखी नहीं बहार !

सपने नयनों से दूर हैं,  देखी नहीं बहार !
मरीचिका सी जिंदगी, भोजन भी दुश्वार !!
उगाता दिन मौत का,  सूरज करता घात, ,,,
रोती जाती साँझ भी,  जीवन है बस रार !!... ''तनु'' 

Monday, July 9, 2018

बजे न प्रीत की वंशी !

पंछी नदिया बादली,  कहता बहकर पौन !
मानवता को छोड़कर,     सारी बातें गौण !!
सारी बातें गौण,       ज़िद में अंधे हो गये , ,,
जाने कुछ अनजान, नयन मूँद कर सो गये !
झरने खो ना जाय,      बजे न प्रीत की वंशी !
बचाकर कायनात ,     बचालो नदिया पंछी !! ... ''तनु''



करो मत बतिया छूँछी

पंछी नदिया बादली,  कहता बहकर पौन !
मानवता को छोड़कर,     सारी बातें गौण !!
सारी बातें गौण,        आँखें मूँद यूँ सो कर, ,,  
जाने कुछ अनजान,   क्यों विवेकहीन हो कर !   
सब कुछ खो ना जाय, करो मत बतिया छूँछी !
बचाकर कायनात ,        बचालो नदिया पंछी !! ... ''तनु''

पंछी नदिया बादली, कहता बहकर पौन !

पंछी नदिया बादली,  कहता बहकर पौन !
मानवता को छोड़कर,     सारी बातें गौण !!
ज़िद में अंधे हो गए ,  जानें कुछ अनजान , ... 
शिक्षा काम न आय जहाँ, अब समझाये कौन !!... ''तनु''