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Monday, January 7, 2019

झरोखे यादों के खुले ही रहें!
कोई याद बहुत प्यार दे गई !!*** तनु*

Sunday, January 6, 2019

सियाला रा दन

शिशिर री सीह घणी, वई गया छोटा दन ,
सियाला री रात बड़ी, ढाँक मूंडो सोइजो
हवा भी धुजावे डील,  हाय रे चुभावै पीन,
माला माय धूप ताती, गणी गणी पोइजो ,
पूस माह घात करे, चली भोर साथिन,
फूल फूल ओस डाली, आँचल भिगोइजो
 दाँता री किटर किट,साँय साँय पल छिन,
पड़ी ग्यो 'लकड़ दाव', बीज पाछा बोइजो,**"तनु,"

खद्योत

ना जमी नहीं महल नहीं कलधौत चाहिये!!
यहाँ रौशनी बहुत है, खद्योत चाहिये,
बिक गया यक़ी, ज़ुल्मो सितम भी बिक गया, ,,
जी लिया हूँ बहुत,  मुझे मौत चाहिये!!**"तनु"

Saturday, January 5, 2019

सुमन खिल गया

गुनगुनाने से भौरों के सुमन खिल गया,
चाहा जग से किनारा नंदन मिल गया!
ये कैसी आरज़ू थी चाह और राह भी, ,,
दीवानगी माँगी तो बंधन मिल गया!!**"तनु"

शीत की बावरी किरण

धुंध में छुपने लगती, मदहोश किरण बावरी,
धूप से बनी दूरियाँ, मदहोश किरण बावरी!
शीत कुहासा नीहार, माने मीत ना उसको,  ,,
निहारती है जिंदगी, मदहोश किरण बावरी!!**"तनु"
धूप बो गयी काँटे,
हवा हो गयी साँसे!
जल जल के रहा न जल, ,,
अंजुरि अंजुरि प्यासे!!**"तनु"
साथ गुबार के हर कारवाँ गुजरता है,
वक्त भी किसी के साथ कहाँ ठहरता है!
गुंचे चाहते हैं कि बहारें आती रहें, ,,
खिजाँ के बगैर भी चमन कहाँ सँवरता है!!**"तनु"