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Saturday, June 22, 2019

झील के पानी में फ़लक़ का उतरना धोख़ा ,

झील के पानी में फ़लक़ का उतरना धोख़ा , 
या फ़लक़ ने कभी लहर का लहराना रोका !
के इस दिल की बात, दिल से दिल तलक है चली ,,,
धीरे से मिला शोख़ निगाहों को सुनहरी मौका !! ... "तनु"

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